विवेकानंद नीडम आरओबी को उद्घाटन का है इंतजार, माननीयों के पास नहीं है समय

ग्वालियर. पिछले 8 वर्षो में बन तैयार किये गये विवेकानंद नीडम रेल ओवर ब्रिज (आरओबी) अब अधिकारी नेताओं ने लोकार्पण का पेंच फंसाकर पब्लिक का आना-जाना रोक रखा है। इस विवेकानंद नीडम रेल ओवर ब्रिज का निर्माण होने के बाद लोड टेस्टिंग और रोड सेफ्टी का काम पूरा हो चुका है। अब इससे सिर्फ यातायात निकलना शुरू होना है। लेकिन माननीय के हाथों लोकार्पण के चक्कर में इसे रोके रखा है।
टारओबी के दोनों तरफ टीन लगाकर इसे अधिकारियों ने बन्द किया हुआ है। इस आरओबी से यातायात शुरू होने का लाभ प्रतिदिन 30 से 40 हजार उन वाहन चालकों को मिलेगा। जिन्हें ओहदपुर, सिरोल, सिटीसेंटर से चेतकपुरी, नाका चन्द्रवदनी, शिवपुरी लिंक रोड बीच आने-जाने वाले हजारों वाहन चालकों का 4 से 5 किमी का चक्कर बचेगां इतना ही नहीं, संभागीय आयुक्त कार्यालय से कलेक्ट्रेट, जिला न्यायालय, हाईकोर्ट सहित कई सरकारी विभागों के बीच बार-बार चक्कर लगाने वाले अमले का भी अतिरिक्त चक्कर और समय बचेगा।
सर्विस और एप्रोच रोड है अधूरी, वाहन चालक है परेशान
स्मार्टसिटी ने ओहदपुर की द एड्रेस कॉलोनी से सिरोल तक की सड़क तो बना दी। लेकिन इस कॉलोनी के सामने का कुछ पार्ट कच्चा छोड़ दिया। लोगों का आरोप है कि आरओबी निर्माण कार्य के दौरान खोदी गयी सड़क का डाम्बरीकरण नहीं कराया गया। आरओबी पर यातायात शुरू होने से झांसी रोड से न्यू कलेक्ट्रेट जाने वाले लोगों का 4 किमी का दूरी कम हो जायेगी।
मुख्यमंत्री के 2 कार्यकम्र की थी तैयारी लेकिन नहीे हो पाया
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 26 मार्च को ग्वालियर ट्रॉजिट विजिट पर आये थे। उस दिन इसके शुभारंभ की प्लानिंग थी। लेकिन सचिवालय से हरी झंडी नहीं मिलने की वजह से कुछ न हो सका। वहीं 30 को आरोग्यधाम के भूमिपूजन में फिर प्लानिंग हुई, लेकिन कार्यक्रम नहीं हो पाया।